October 10, 2026 4:08 am

नगरीय प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव ने रायपुर नगर निगम के कार्यों की समीक्षा की

रायपुर

. नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव  सोनमणि बोरा ने आज रायपुर नगर निगम के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने रायपुर के सिविल लाइन स्थित नवीन विश्राम भवन में आयोजित बैठक में रायपुर में इज ऑफ लीविंग (Ease of Living) और नागरिक-केन्द्रित (Citizen-Centric) प्रशासन पर जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सिटीजन को कस्टमर भी मानें और नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता एवं जवाबदेही से पूर्ण करें। नगरीय प्रशासन विभाग के संचालक  नीलेश क्षीरसागर, सूडा के सीईओ  सुमीत अग्रवाल और रायपुर नगर निगम के आयुक्त  संबित मिश्रा भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।

प्रमुख सचिव  बोरा ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के कार्यों में गोलमोल जवाब पर अधिकारियों पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि गरीबों के आवास में गुणवत्ताहीन काम और लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके कार्यों में कोताही न बरतें। उन्होंने शहर में साफ-सफाई की कमजोर व्यवस्था पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने निगम के अधिकारियों को शहर में गंदगी की तस्वीरें दिखाकर सफाई की सुदृढ़ और प्रभावी व्यवस्था बनाने की सख्त हिदायत दी। उन्होंने काम में लापरवाही पर दो अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

प्रमुख सचिव  बोरा हुए नाराज, अफसरों को लगाई कड़ी फटकार

नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव  सोनमणि बोरा ने समीक्षा बैठक में केंद्र प्रवर्तित फ्लैगशिप योजनाओं की प्रगति पर नाराजगी जाहिर करते हुए अफसरों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने जोन आयुक्तों एवं अभियंताओं को आड़े हाथों लेते हुए कार्यों में प्रगति तथा सुधार लाने की नसीहत दी। अपेक्षित प्रगति नहीं होने पर उन्होंने अधिकारियों को कड़ी कार्रवाई के लिए तैयार रहने को कहा। उन्होंने जोन कमिश्नरों, उपायुक्तों एवं अपर आयुक्तों को भी प्रतिदिन मॉर्निंग विजिट करने के निर्देश दिए। उन्होंने मॉर्निंग विजिट की रिपोर्ट ग्रुप में साझा करने के भी निर्देश दिए। 

 बोरा ने रायपुर नगर निगम में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति अफसरों की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि इन सेवाओं की निगरानी तथा मॉनिटरिंग सीसीटीवी कैमरे लगाकर की जाए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं के क्रियान्वयन में इतनी ढिलाई किसी भी स्थिति में सही नहीं है। उन्होंने कड़े शब्दों में निर्देशित किया कि इन परियोजनाओं की मॉनिटरिंग एवं क्रियान्वयन की मुख्यालय स्तर पर निगरानी की जाए। उन्होंने कहा कि जोन स्तर पर जोन आयुक्तों तथा अभियंताओं के कार्यों को सुचारू रूप से आगे बढ़ाने के लिए वे आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे। 

समीक्षा बैठक में प्रमुख सचिव  बोरा द्वारा जोन-8 की जोन आयुक्त मती राजेश्वरी पटेल से पीएम आवास योजना के संबंध में सवाल पूछने पर वे कोई जवाब नहीं दे पाईं। जिस पर प्रमुख सचिव खासे नाराज दिखे और कहा कि यदि जोन आयुक्त को ही योजना की जानकारी नहीं है तो योजना की प्रगति का अंदाजा मैं लगा सकता हूं। 

प्रमुख सचिव ने जेम पोर्टल में निविदाओं में विलंब पर रायपुर नगर निगम के प्रभारी कार्यापालन अभियंता  योगेश कङू को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने नगरोत्थान योजना के कार्यों में धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए अधीक्षण अभियंता  इमरान खान को भी कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। 

प्रमुख सचिव  बोरा ने बैठक में कहा कि नगरीय प्रशासन विभाग को नागरिकों को उपभोक्ता की तरह मानना चाहिए। जिस प्रकार एक ग्राहक अपने दुकानदार से ये अपेक्षा रखता है कि वो उसे सही समय पर सही सामग्री उपलब्ध कराएगा और उसकी शिकायतों का विनम्रतापूर्वक निवारण करेगा। उन्होंने इसे समझाने के लिए ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स और एयरलाइन कंपनियों के उदाहरण भी दिए। 

 बोरा ने मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना, अधोसंरचना मद और 15वें वित्त आयोग सहित सभी निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्दश दिए। उन्होंने कहा कि हर तिमाही में कार्यों की अच्छी प्रगति दिखना चाहिए। उन्होंने निगम के अभियंताओं और अधिकारियों को विजन के साथ काम करते हुए निकट भविष्य में होने वाले कार्यों की रूपरेखा भी बनाकर रखने को कहा। उन्होंने कार्यों में गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।  बोरा ने रायपुर में बन रहे नए नालंदा परिसर में पुराने नालंदा परिसर की कमियों-खामियों को दूरकर आधुनिक परिसर और उच्च स्तरीय व्यवस्थाएं सुनिश्चत करने के निर्देश दिए। उन्होंने नए भवन में दिव्यांगजनों के लिए भी सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चत करने को कहा।

 बोरा ने निगम द्वारा संचालित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट्स और सीवेज ट्रीटमेट प्लांट्स में बिजली की खपत को कम करने एनर्जी इफिसिएंट  (Energy-Efficient) तकनीकों का उपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने जन सुविधाओं को नागरिकों तक पहुंचाने, जरूरत के अनुसार उन्हें दस्तावेज उपलब्ध कराने और राजस्व वसूली में डिजिटल व आधुनिक तकनीकों को अपनाने को कहा। इससे नागरिकों की सुविधाएं बढ़ेंगी और उन्हें तेजी से नागिरक सेवाओं का लाभ मिल सकेगा।

प्रमुख सचिव ने मिशन अमृत 2.0 के तहत रायपुर के शीतला तालाब के पुनरोद्धार और सौंदर्यीकरण के कार्यों को आगामी मार्च तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने वहां गहरीकरण, पिचिंग, पेवर-ब्लॉक इत्यादि कार्यों में टाइमलाइन के अनुसार प्रगति सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने निदान-1100 में प्राप्त नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध निराकरण करने को कहा। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के अपर संचालक  पुलक भट्टाचार्य, रायपुर क्षेत्रीय कार्यालय के संयुक्त संचालक  एस.के. सुंदरानी और मुख्य अभियंता  राजेश शर्मा सहित रायपुर नगर निगम के सभी अपर आयुक्त, उपायुक्त, अभियंता और सभी जोनों के कमिश्नर भी बैठक में उपस्थित थे।

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Author: Editor

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