October 26, 2026 9:15 am

पाकिस्तान क्रिकेट में मचा बवाल, सईद अजमल ने PCB को घेरा; बोले- 10 साल पीछे पहुंच गए

इस्लामाबाद 

कुछ दिन पहले पाकिस्तान क्रिकेट में आया भूचाल अब नहीं दिशा लेता दिख रहा है. सोमवार को ही इस तरह के भी चर्चे और बातें हो रही हैं कि पिछले दिनों टीम के हेड कोच और पूर्व कप्तान सरफराज अहमद के अलावा 7 खिलाड़ियों को स्वदेश भेजने का रिश्ता मैच फिक्सिंग से भी हो सकता है. वैसे अगर ऐसा होता है, तो पाकिस्तान के इतिहास को देखते हुए यह चौंकाने वाली बात नहीं ही होगी. अब पूर्व दिग्गज ऑफ स्पिनर सईद अजमल ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि पाकिस्तान क्रिकेट 10 साल पीछे चली गई है. जब पाकिस्तान टीम 0-3 से सूपड़ा साफ (व्हाइटवॉश) होने से बचने की उम्मीद में एजबेस्टन में इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे और अंतिम टेस्ट में उतर रही है, तब अजमल ने राष्ट्रीय टीम में गलत हो रही हर चीज पर खुलकर बोलने में कोई कसर नहीं छोड़ी. टीम में हाल ही में हुए इस फेरबदल पर अजमल ने कहा कि पीसीबी द्वारा खिलाड़ियों को "अपमानित" किया जा रहा है। 

अजमल ने कहा, 'बोर्ड ने खुद खिलाड़ियों को किसी भी अन्य चीज की तुलना में सबसे ज्यादा हतोत्साहित किया है. बोर्ड किसी भी खिलाड़ी को सेटल नहीं होने दे रहा है. ऐसे खिलाड़ी भी हैं जिन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया है, उन्हें भी बाहर कर दिया गया है. ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्हें पीसीबी द्वारा अपमानित किया गया है.' अजमल ने इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टेस्ट से पहले पाकिस्तान की रेड-बॉल टीम का प्रभार संभालने वाले माइक हेसन और टीम के हाई-परफॉर्मेंस डायरेक्टर आकिब जावेद पर भी तंज कसा। 

समा टीवी पर अजमल ने कहा, 'आकिब जावेद और माइक हेसन (जिन्हें तीसरे टेस्ट के लिए टेस्ट टीम की कमान संभालने को कहा गया है) एक टीम हैं. ये दोनों सब कुछ नियंत्रित कर रहे हैं और  पैदा हुई अव्यवस्था के लिए जिम्मेदार हैं. यह पूरा मुद्दा इगो से जुड़ा है.हमारी टीम 10 साल पीछे चली गई है. हमने भविष्य के लिए कोई योजना नहीं बनाई है.' शीर्ष स्तर की क्रिकेट में किसी खिलाड़ी के प्रदर्शन के लिए उसे लगातार मौके मिलना बेहद जरूरी है.  हालांकि, अजमल को लगता है कि पीसीबी का असली इरादा सिर्फ खिलाड़ियों को बदलना है। 

उन्होंने कहा, 'किसी सीरीज का हर मैच हमारे लिए महत्वपूर्ण होता है. और अगर कोई खिलाड़ी प्रदर्शन नहीं कर रहा है तो हमारे पास उसकी जगह दूसरे खिलाड़ी को देखने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचता है. इन बदलावों के पीछे का उद्देश्य खिलाड़ियों को दावेदारी से हटाना नहीं, बल्कि केवल उन्हें बदलना है. सलमान आगा को ही देख लीजिए, जो बहुत अच्छे खिलाड़ी हैं, लेकिन कुछ कारणों से उनका बल्ला नहीं चल सका. इस बारे में उनसे बात की गई थी। 

Editor
Author: Editor

विज्ञापन
error: Content is protected !!