July 28, 2026 8:05 pm

प्रदेशभर के पर्यटक गाइडों का शहीद स्मारक, जयपुर में शक्ति प्रदर्शन

  • उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी को सौंपा मांगपत्र

जयपुर, 28 जुलाई। राजस्थान पर्यटक गाइड्स संघर्ष समिति के संरक्षक रवि शंकर धाभाई ने बताया कि राजस्थान के विभिन्न जिलों से आए सैकड़ों लाइसेंसधारी स्थानीय (लोकल) एवं राज्य स्तरीय (स्टेट लेवल) पर्यटक गाइड मंगलवार को जयपुर स्थित शहीद स्मारक पर एकत्रित हुए और अपनी वर्षों से लंबित मांगों को लेकर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया। धरने का समापन उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी को मांगपत्र सौंपकर किया गया।

टूरिस्ट गाइड वेलफेयर एंड रिफॉर्म सोसाइटी (पंजी.) एवं विभिन्न गाइड संगठनों के संयुक्त आह्वान पर आयोजित इस प्रदर्शन में सरकार से पर्यटन क्षेत्र में कार्यरत गाइडों के हितों की रक्षा के लिए तत्काल ठोस निर्णय लेने की मांग की गई।

सोसाइटी के प्रदेश अध्यक्ष धारा सिंह गुर्जर ने बताया कि सरकार राजस्थान पर्यटक गाइड कल्याण बोर्ड का गठन करे तथा राजस्थान पर्यटन व्यापार (सुविधा एवं विनियमन) नियम, 2010 में संशोधन कर पर्यटक गाइडों को संविदा सेवा में शामिल करे। साथ ही गाइड लाइसेंस की वैधता दो वर्ष से बढ़ाकर पाँच वर्ष की जाए, नवीनीकरण शुल्क समाप्त किया जाए तथा पर्यटक गाइडों एवं उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य बीमा योजना लागू की जाए। गंभीर बीमारी, दुर्घटना अथवा मृत्यु की स्थिति में आर्थिक सहायता प्रदान की जाए। उन्होंने निःशुल्क विदेशी भाषा प्रशिक्षण, नियमित रिफ्रेशर कोर्स तथा कौशल विकास कार्यक्रम संचालित करने की भी मांग की।

धरना-प्रदर्शन में प्रदेश के विभिन्न गाइड संगठनों के पदाधिकारियों एवं प्रतिनिधियों ने भी भाग लेकर आंदोलन का समर्थन किया। इनमें भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय से मान्यता प्राप्त फेडरेशन ऑफ टूरिस्ट गाइड्स, जयपुर के अध्यक्ष मान सिंह शेखावत, वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय नारायण गुप्ता, अनुभवी गाइड समिति, आमेर के प्रदीप चटर्जी, सुदीप चटर्जी, वरिष्ठ समिति सदस्य सांवरमल यादव, आमेर गाइड यूनियन के अध्यक्ष विष्णु जागा तथा हवा महल गाइड यूनियन के अध्यक्ष राकेश यादव प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

वक्ताओं ने कहा कि पर्यटक गाइड राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन उद्योग की रीढ़ हैं, लेकिन लंबे समय से उनकी समस्याओं की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने सरकार से मांग की कि पर्यटन स्थलों पर केवल अधिकृत एवं लाइसेंसधारी गाइडों को ही कार्य करने की अनुमति सुनिश्चित की जाए, अवैध गाइडिंग पर प्रभावी रोक लगाई जाए तथा पर्यटन विभाग की नीतियों एवं निर्णय प्रक्रिया में गाइड प्रतिनिधियों को उचित स्थान दिया जाए।

धरने के उपरांत प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार के नाम ज्ञापन सौंपते हुए मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी वर्षों से लंबित मांगों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो प्रदेशभर के पर्यटक गाइड चरणबद्ध एवं व्यापक आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।

धरने में जयपुर सहित पूरे राजस्थान के विभिन्न पर्यटन स्थलों से बड़ी संख्या में लाइसेंसधारी पर्यटक गाइड उपस्थित रहे।

BBC LIVE
Author: BBC LIVE

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