रिपोर्ट: रियाजुद्दीन अंसारी
स्थान: भिवंडी (महाराष्ट्र)
भिवंडी के कोटरगेट स्थित सुन्नी जामा मस्जिद में तंजीम उलेमा-ए-अहले सुन्नत के नेतृत्व में नाज़िया इलाही ख़ान के कथित आपत्तिजनक बयानों के विरोध में शांतिपूर्ण हस्ताक्षर अभियान आयोजित किया गया। अभियान के माध्यम से लोगों ने प्रशासन से मामले में शीघ्र कानूनी कार्रवाई की मांग की।

26 जून 2026, शुक्रवार (यौमे आशूरा) के अवसर पर मस्जिद में दो रकअत नफ़्ल नमाज़ अदा की गई, दुआ-ए-आशूरा पढ़ी गई, दरूद व सलाम पेश किया गया तथा हज़रत इमाम हुसैन रज़ियल्लाहु अन्हु और शुहदा-ए-कर्बला को ख़िराज-ए-अक़ीदत पेश किया गया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने हज़रत इमाम हुसैन रज़ियल्लाहु अन्हु की शिक्षाओं और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प भी लिया।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि नबी-ए-करीम हज़रत मुहम्मद ﷺ की शान मुसलमानों के लिए अत्यंत सम्मान का विषय है और धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाले कथित बयानों पर कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
आयोजकों का दावा है कि नाज़िया इलाही ख़ान द्वारा सोशल मीडिया पर साझा की गई कुछ कथित सामग्री से मुस्लिम समुदाय की धार्मिक भावनाएँ आहत हुई हैं। इसी संबंध में 22 जून 2026 को शांति नगर पुलिस स्टेशन, भिवंडी में FIR क्रमांक 0648/2026 दर्ज कराई गई थी। उनका कहना है कि अब तक गिरफ्तारी न होने से लोगों में नाराज़गी है।
जुमे की नमाज़ के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने हस्ताक्षर अभियान में भाग लिया और सरकार तथा पुलिस प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर कानून के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाए।
आयोजकों ने कहा कि यदि समय रहते उचित कानूनी कार्रवाई नहीं की गई तो वे कानून के दायरे में रहकर अपने शांतिपूर्ण विरोध को आगे भी जारी रखेंगे।





















